जयपूर (एस.पी.मित्तल) – देश की प्रमुख 22 लॉ यूनिवर्सिटी में प्रवेश लेने के लिए गत 28 सितम्बर को कॉमन एंटे्रस टेस्ट (क्लेट ) हुआ था। इस परीक्षा का परिणाम 5 अक्टूबर को घोषित हुआ। देश भर के 75 हजार परीक्षार्थियों में से 2 हजार 750 को सफल घोषित किया गया। जो परीक्षार्थी सफल नहीं हुए वे मायूस हैं। लेकिन अजमेर का छात्र मानस रोहिल्ला सफल होने के बाद भी मायूस है।
असल में मानस अभी सेंट्रल एकेडमी स्कूल में 12वीं कक्षा का छात्र है। मानस अगले वर्ष 12वीं की परीक्षा देगा। जबकि लॉ यूनिवर्सिटी में पांच वर्षीय कोर्स के लिए 12वीं उत्तीर्ण होना जरूरी है। मानस ने बताया कि उसने सिर्फ अनुभव के लिए क्लेट की परीक्षा दी थी। उसे उम्मीद नहीं थी कि वह इस देशव्यापी परीक्षा में उत्तीर्ण हो जाएगा। यही वजह है कि अब उसे मायूसी हो रही है। सब जानते हैं कि क्लेट की परीक्षा बेहद कठिन होती है। इस प्रवेश परीक्षा को उत्तीर्ण करने के लिए अनेक विद्यार्थी कई वर्षों तक कोचिंग करते हैं। अनेक विद्यार्थी 12वीं उत्तीर्ण करने के बाद किसी कॉलेज में प्रवेश नहीं लेते और क्लेट की तैयारी में जुट जाते हैं।
माना जाता है कि क्लेट परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद जब देश की टॉप 22 यूनिवर्सिटी में प्रवेश मिलता है तो फिर नौकरी की गारंटी हो जाती है। अनेक कारपोरेट घराने बड़े पैकेज पर विद्यार्थियों को ले लेते हैं। यहां यह उल्लेखनीय है कि छात्र मानस अजमेर के पत्रकार रजनीश रोहिल्ला के पुत्र हैं। मानस की इस उपलब्धि पर मोबाइल नम्बर 7014294902 पर रजनीश रोहिल्ला को बधाई दी जा सकती है।







