चिकित्सा मंत्री रघु शर्मा ने अब एंटीजन किट के रिजल्ट पर सवाल उठाए।

50 प्रतिशत रिजल्ट आरटीपीआर से मेल नहीं खा रहे।

जयपूर (एस.पी.मित्तल) – राजस्थान में कोरोना काल में संक्रमण के टेस्ट के परिणाम को लेकर पहले ही लोग आशंकित हैं। लोगों को टेस्ट के परिणाम पर अनेक शंकाएं हैं। ऐसी शंकाओं को चार अगस्त को प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा ने और बढ़ा दिया है। शर्मा ने अब कोरियन कंपनी द्वारा सप्लाई किए जा रहे एंटीजन किट के रिजल्ट पर सवाल उठाएं हैं। शर्मा ने बताया कि फोर्टिस अस्पताल से राज्य सरकार ने 200 एंटीजन किट खरीदे हैं। एंटीजन किट के रिजल्ट आरटीपीआर मशीन के रिजल्ट से मेल नहीं खा रहे हैं। प्रदेश के अधिकांश मेडिकल कॉलेजों में आईसीएमआर द्वारा स्वीकृत आरटीपीआर मशीनें ही लगी हुई है। शर्मा ने बताया कि जब एंटीजन किट के रिजल्ट आरटीपीआर मशीने के रिजल्ट से मिलाए गए तो पचास प्रतिशत रिजल्ट अलग अलग रहे। जबकि एंटीजन किट को भी आईसीएमआर ने स्वीकृत किया है। शर्मा ने बताया कि पूर्व में चीन की कंपनी से रेपिड टेस्ट किट खरीदे गए थे, तब भी सबसे पहले राजस्थान में घटिया रेपिड किट की शिकायत की थी। एक बार फिर राज्य सरकार एंटीजन किट के रिजल्ट को लेकर आईसीएमआर से शिकायत करी।
वेतन भत्तों पर रोक से इंकार:
चार अगस्त को चीफ जस्टिस इंदजीत महंति और जस्टिस प्रकाश गुप्ता की खंडपीठ ने होटलों में रह रहे विधायकों के वेतन भत्तों पर रोक लगाने इंकार कर दिया। पत्रकार विवेक जादौन ने याचिका दायर कर कोर्ट को बताया कि गत 10 जुलाई से राजस्थान के करीब 125 विधायक दिल्ली, जयपुर और जैसलमेर की होटलों में बंधक बने हुए हंै। ऐसे में इन विधायकों के वेतन भत्तों पर रोक लगाई जाए। कोर्ट ने याचिका को खारिज करते हुए सलाह दी कि वेतन भत्तों पर रोक लगाने के लिए संबंधित संस्था के समक्ष याचिका दायर की जाए। इसके साथ ही हाईकोर्ट ने राज्यपाल कलराज मिश्र से जुड़ी दो याचिकाओं को भी खारिज कर दिया। एडवोकेट शांतनू पारीक ने राज्यपाल मिश्र को हटाने और एडवोकेट एसके सिंह ने विधानसभा का सत्र बुलाने के निर्देश देने की याचिकाएं दायर की थी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here