पटना (क्राइम संवाददाता) – बिहार विधानसभा चुनाव के पहले प्रवर्तन निदेशाल (ईडी) ने हवाला रैकेट से जुड़े दो कारोबारियों पर बड़ी कार्रवाई की है। पटना ईडी की टीम ने इनमें एक कारोबारी राज कुमार गोयनका को मुजफ्फरपुर, जबकि दूसरे पंकज अग्रवाल को कोलकाता से गिरफ्तार किया है। बुधवार को पटना की विशेष अदालत में पेश करने के बाद दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। अब इन्हें रिमांड पर लेने की तैयारी है। माना जा रहा है कि जल्द इस पर फैसला होगा। रिमांड मिलने पर पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं।
ईडी के अधिकारियों के मुताबिक मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा निवासी राज कुमार गोयनका और कोलकाता निवासी पंकज अग्रवाल के खिलाफ ईडी तीन वर्षों से कार्रवाई में जुटी थी। अब तक की जांच में दोनों के खिलाफ सेल कंपनी बनाकर 25 करोड़ रुपये से ज्यादा के अवैध लेन-देन का आरोप है। इसके लिए कई सेल (फर्जी) कंपनियां बनाई गई थीं। नोटबंदी के बाद इन कारोबारियों ने अपने कर्मचारियों के नाम पर बैंक खाते खोले और उसके जरिए करोड़ों के पुराने नोटों को खपाने का काम किया था। वर्ष 2017 में ईडी ने इस संबंध में ईसीआईआर दर्ज की थी।
पंकज अग्रवाल को गिरफ्तार करने के लिए कोरोना संक्रमण के बीच ईडी के अफसर कई दिनों तक कोलकाता की खाक छानते रहे। आखिरकार पंकज के ठिकाने का पता चला और उसे दबोच कर पटना लाया गया।
ईडी ने राज कुमार गोयनका और पंकज अग्रवाल के साथ उनसे जुड़े लोगों और उनकी कंपनियों की 4.61 करोड़ की संपत्ति को जब्त कर चुकी है। पिछले साल ही संपत्ति जब्ती की कार्रवाई की गई थी।
हवाला कारोबार में शामिल अन्य लोगों तक पहुंचने के लिए ईडी राज कुमार गोयनका और पंकज अग्रवाल को रिमांड पर लेगी। ईडी ने बुधवार को अदालत से दोनों को 14 दिनों के रिमांड पर देने का अनुरोध किया है।







