कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थी अब स्वदेशी साफ्टवेयर WWW.CLEVIR.IN के माध्यम से घर बैठे मुफ्त में पढ़ाई कर सकते हैं। अंग्रेजी भी सीख सकते हैं।

भीलवाड़ा के उद्योगपति और समाजसेवी अनिल मानसिंहका और उनकी पुत्री आस्था व कोरबांकी की एक सकारात्मक पहल।

जयपूर (एस.पी.मित्तल) – प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के लोकल के लिए वोकल अभियान से प्रेरित होकर राजस्थान के भीलवाड़ा के प्रमुख उद्योगपति और समाजसेवी अनिल मानसिंहका ने WWW.CLEVIR.IN नाम का एक ऐसा सॉफ्टवेयर तैयार करवाया है, जिसके माध्यम से कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थी अपने सभी विषयों की पढ़ाई घर बैठे कर सकते हैं। इस सॉफ्टवेयर की सुविधा लेने के लिए मोबाइल नम्बर 9829712112 व 9494409696 पर सम्पर्क किया जा सकता है। इस एप्लीकेशन का कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। यानि विद्यार्थी इसे नि:शुल्क प्राप्त कर सकते हैं। इस एप्लीकेशन के माध्यम से सीबीएसई के विद्यार्थी के साथ साथ राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के विद्यार्थी भी पढ़ सकते हैं। इसके माध्यम से अंग्रेजी भाषा भी सरलता से सीखी जा सकती है। भीलवाड़ा के शारदा समूह के चेयरमैन और सीएमडी अनिल मानसिंहका ने बताया कि कोरोनाकाल में जब शिक्षण संस्थाएं बंद है, तब वर्चुअल स्टडी का महत्व बहुत बढ़ गया है। आमतौर पर देखा गया है कि स्कूल के संचालक और कोचिंग सेंटर के मालिक विदेशी एप्लीकेशन पर विद्यार्थियों को पढ़ाते हैं। अब जब प्रधानमंत्री ने आत्मनिर्भर भारत और लोकल के लिए वोकल अभियान शुरू किया है, तब उनके शारदा समूह ने सामाजिक सरोकार से जुड़ी पहल को शुरू किया है। राजस्थान और देश के विद्यार्थियों की सामाजिक आर्थिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए क्लेवर सॉफ्टवेयर तैयार करवाया गया। इस कार्य में उनकी पुत्री आस्था और कोरबांकी की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उनके समूह के पास शिक्षाविदों की हर समस्या का समाधान करने के लिए तत्पर रहती है। मानसिंहका ने बताया कि हमारे सॉफ्टवेयर का उपयोग प्राइवेट और सरकारी स्कूलों के प्रबंधक भी कर सकते हैं। शिक्षा के क्षेत्र में शारदा समूह का उद्देश्य पैसा कमाना नहीं है। कोरोनाकाल में समूह ने बड़ी संख्या में ज़रूरतमंद लोगों की मदद की है। देश का कोई भी विद्यार्थी उनके सॉफ्टवेयर का उपयोग नि:शुल्क कर सकता है।
सकारात्मक पहल:
राजस्थान के सबसे पुराने अजमेर स्थित राजकीय महाविद्यालय के प्राचार्य रहे प्रोफेसर दीपक मल्होत्रा और एसजी क्लासेस चलाने वाले शिक्षाविद सुमित गोयल ने शारदा समूह के प्रयासों की प्रशंसा की है। दोनों शिक्षाविदों ने कहा कि संभवत: यह पहला अवसर होगा, जब किसी कारोबारी समूह ने विद्यार्थियों के लिए नि:शुल्क सॉफ्टवेयर उपलब्ध करवाया है। हालांकि यह काम बहुत महंगा है, लेकिन शारदा समूह ने किया है। कोरोना काल में यह सॉफ्टवेयर विद्यार्थियों के लिए उपयोग रहेगा। वहीं अनिल मानसिंहका ने भरोसा दिलाया कि आईटी के क्षेत्र में विद्यार्थियों के लिए ऐसी सेवाएं लम्बे समय तक जारी रहेंगी। भविष्य में भी किसी भी संस्था अथवा विद्यार्थी से शुल्क नहीं लिया जाएगा।

 

 

 

 

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here