क्या सिर्फ पायलट की वजह से ही कोरोना संक्रमण फैलेगा?
भाजपा भी तो कर रही है धरना प्रदर्शन।
जयपूर (एस.पी.मित्तल) – 7 सितम्बर को प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष और सरकार में डिप्टी सीएम रहे सचिन पायलट का जन्मदिन है। राजस्थान के मौजूदा राजनीतिक हालातों से समर्थक पायलट का जन्मदिन प्रदेशभर में धूमधाम से मनाना चाहते हैं। इसीलिए विधानसभा स्तर पर रक्तदान शिविर लगाने का निर्णय लिया गया है। कई जिलों पंचायत समिति स्तर पर भी शिविर लगाएं जाएंगे। यानि 7 सितम्बर को प्रदेश में करीब 300 स्थानों पर कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की भीड़ जमा होगी। सब जानते है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पायलट के बीच अभी विवाद बना हुआ है। यदि संबंध सामान्य होते तो पायलट को इस तरह शक्ति परीक्षण नहीं करना पड़ता। यह शक्ति परीक्षण तब हो रहा है, जब दोनों गुटों में समन्वय के लिए प्रभारी महासचिव अजय माकन संभाग स्तर पर कार्यकर्ताओं से संवाद कर रहे हैं। अब यंू तो सीधे तौर पर पायलट के जन्म दिन के कार्यक्रमों का विरोध नहीं किया जा सकता है, लेकिन कोरोना काल की आड़ लेकर भीड़ जुटाने का विरोध शुरू हो गया है। कहा जा रहा है कि पायलट के समर्थक जब रक्त देने के लिए एकत्रित होंगे, तब संक्रमण का खतरा है। यह खतरा तब हो रहा है जब प्रदेश में कोरोना का फैलाव तेजी से हो रहा है। राजस्थान से जुड़े केन्द्रीय मंत्री सांसद, विधायक राज्य सरकार के मंत्री आदि संक्रमित पाए जा रहे हैं। सीख दी जा रही है कि जब कोरोना का फैलाव हो रहा है, तब रक्त दान शिविरों का आयोजन नहीं होना चाहिए। दरअसल पायलट से जुड़ी खबरों को देखते हुए ऐतराज जताया जा रहा है। विरोधी पक्ष नहीं चाहता कि पायलट की ताकत सामने आए। रक्त दान शिविरों पर ऐतराज तब जताया जा रहा है जब कांग्रेस के प्रभारी महासचिव अजय माकन संभाग स्तर पर कार्यकर्ताओं से संवाद कर रहे हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार माकन 8 सितम्बर को जयुपर में जयपुर संभाग के कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे, जबकि 9 सितम्बर को अजमेर के एक होटल में संभाग के चारों जिलों के कार्यकर्ताओं से मिलेंगे। माकन से मुलाकात के लिए निर्वतान ब्लॉक अध्यक्ष तक बुलाए गए हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एकत्रित होंगे। लेकिन इन कार्यकर्ताओं के एकत्रित होने पर किसी को भी ऐतराज नहीं है। इतना ही नहीं भाजपा भी 8 व 10 सितम्बर को गहलोत सरकार की वायदा खिलाफी को लेकर उपखंड स्तर पर धरना प्रदर्शन करेगी। लेकिन भाजपा के प्रदर्शन पर भी कोई ऐतराज नहीं हो रहा है। विरोध को देखते हुए ऐसा प्रतीत होता है कि कोरोना संक्रमण का डर सिर्फ पायलट समर्थकों से ही है। हालांकि पायलट फिलहाल किसी विरोध की परवाह नहीं कर रहे हैं। पायलट का सारा ध्यान रक्त दान शिविरों को सफल बनाने में लगा हुआ है। यही वजह है कि पायलट अपने जयपुर वाले आवास से ही जन्मदिन से जुड़े कार्यक्रमों के पोस्टरों का विमोचन कर रहे हैं। जन्मदिन के कार्यक्रमों को लेकर पायलट समर्थकों में जबर्दस्त उत्साह है।







