- अभिनेता सुशांत सिंह की मौत का रहस्य अभी भी बना हुआ है।
- अब सुशांत के परिवार वाले भी चुप हैं।
- लेकिन फिल्मी कलाकारों में घमासान मचा हुआ है।
जयपूर (एस.पी.मित्तल) – 16 सितम्बर को सीबीआई की आधी टीम मुम्बई से वापस दिल्ली लौट आई है। सब जानते हैं कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सीबीआई की टीम अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत की जांच करने के लिए मुम्बई गई। कोई 15 दिनों तक जांच पड़ताल भी की गई, लेकिन मीडिया में सीबीआई की जांच से ज्यादा नार्कोटिक कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की गतिविधियों की चर्चा हुई।
यहां तक बहुचर्चित अभिनेत्री और सुशांत सिंह की प्रेमिका रिया चक्रवर्ती की गिरफ्तारी भी एनसीबी ने ही की। यह गिरफ्तारी सुशांत सिंह की मौत के मामले में नहीं बल्कि ड्रग्स के खरीदने, सेवन करने और बेचने के आरोप में की गई। सीबीआई की जांच का क्या हुआ, यह आने वाले दिनों में पता चलेगा, लेकिन अब सुशांत की मौत से भी ज्यादा मुम्बईया फिल्म उद्योग में फैले नशे की चर्चा हो रही है। सीबीआई और एनसीबी की जांच अपनी जगह है, लेकिन मीडिया में रोजाना वीडियो प्रसारित हो रहे हैं जिनमें फिल्म जगत से जुड़े लोग नशे का सेवन करते देखे जा रहे हैं।
हर न्यूज चैनल वाला अपना स्पेशल वीडियो प्रसारित कर रहा है। ऐसा लग रहा है कि पूरा फिल्म जगह ही नशे में डूबा हुआ है। कोई बुराई सामने आती है, यह अच्छी बात है, लेनिक सवाल उठता है कि जो कहानी सुशांत की मौत से शुरू हुई थी, उसका क्या हुआ? मौत पर सुशांत के परिवार वाले भी अब चुप हैं। क्या रिया चक्रवर्ती उसके भाई और कुछ अन्य लोगों को ड्रग्स की खरीद फरोख्त के आरोप में जेल भिजवा कर सुशांत का परिवार संतुष्ट है? इस पूरे प्रकरण में यह बात भी सामने आई है कि सुशांत स्वयं भी ड्रग्स का सेवन करता था।
परिवार वाले कह सकते हैं कि रिया ने माल हड़पने के लिए सुशांत को ड्रग्स सेवन करवाया, लेकिन क्या सुशांत नाबालिग बच्चा था जो रिया के बहकावे में आ गया? अपराध में तालियां एक साथ बजती है। यदि रिया की करतूतें सामने आई हैं तो सुशांत की कमजोरियां भी उजागर हुई है। रिया से पहले सुशांत के सम्पर्क में आई अनेक लड़कियों ने दावा किया कि सुशांत आत्महत्या नहीं कर सकता। लड़कियों के ये दावे भी बहुत कुछ सच्चाई बयां करते हैं। यह सही है कि सुशांत की मौत के कारणों का पता लगाना चाहिए। यदि सुशांत की हत्या कर फांसी पर लटकाया गया है या फिर सुशांत ने किसी दबाव में आत्महत्या की है तो भी सच्चाई सामने आनी चाहिए।
सुशांत की मौत के प्रकरण से मुम्बई फिल्म उद्योग का जो काला चेहरा सामने आया उसे देखकर जया बच्चन जैसी राजनेता को नाराज होने की जरुरत नहीं है। बल्कि चेहरे पर से कालिख को हटाना चाहिए। हमारा फिल्म उद्योग किस प्रकार साफ सुथरा रह सके, इसके लिए जया बच्चन को भी प्रयास करने चाहिए। रिया चक्रवर्ती जैसी लड़कियां तो सिर्फ मोहरे हैं। पर्दे के पीछे वे ताकतें हैं जो भारत के युवाओं को नशे में डूबाना चाहते हैं। हमारी बेटियों का भी सुरक्षित रहना जरूरी है।







