जयपूर (एस.पी.मित्तल) – 20 अक्टूबर को राजस्थान भर के विद्युत कॢमयों ने विद्युत वितरण निगम के उपखंड कार्यालयों पर निजी करण के विरोध में प्रदर्शन किया। विद्युत वितरण निगम श्रमिक संघ के प्रतिनिधि विनीत कुमार जैन ने बताया कि प्रदेश के तीनों निगमों में अधिकांश काम ठेके पर होने लगा है। इससे विद्युत कर्मियों की छटनी हो रही है।
सरकार की मंशा विद्युत निगमों को पूरी तरह निजी क्षेत्र में देने की है। जैन ने आरोप लगाया कि निजीकरण से उपभोक्ताओं का शोषण होगा। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सरकार का उद्देश्य सिर्फ कमाई करना नहीं होता। सरकार को सामाजिक सरोकारों के उद्देश्य से भी निर्णय लेना चाहिए।
जैन ने विद्युत कर्मियों के वेतन को स्थगित करने के निर्णय का भी विरोध किया। प्रदेशव्यापी आह्वान के अंतर्गत 20 अक्टूबर को अजमेर के मदार स्थित उपखंड कार्यालय पर भी सोशल डिस्टेसिंग की पालना करते हुए कर्मचारियों ने विरोध किया। कर्मचारी नेता विनोद कुमार खंडेलवाल, आकश हरिवंश, राजेन्द्र कुमार शर्मा, सुरेन्द्र खोजा आदि ने भी सरकार की नीतियों के विरुद्ध नाराज़गी जताई।







